कानपुर रेंज की महिला पुलिस बनाएगी मॉस्क : आईजी




- प्रतिदिन बनेंगे एक केन्द्र से पांच सौ से अधिक मॉस्क, पुलिस लाइन में होंगे तैयार

कानपुर । कोराना वायरस के संक्रमण को रोकने के लिए मॉस्क व सैनिटाइजर का होना अति आवश्यक है। इसी को देखते हुए बाजार में मॉस्क की मांग बढ़ गयी और अब तो इसकी काफी कमी होने लगी। जिससे आम जनता को दूर पुलिस विभाग को भी मॉस्क नहीं मिल पा रहा है। ऐसे में आईजी ने निर्णय लिया कि रेंज की महिला सिपाही जो सिलाई का काम जानती हों उन्हे व दर्जियों को प्रतिदिन पुलिस लाइन में पांच सौ से अधिक मॉस्क तैयार करना है। यह काम रेंज के सभी पुलिस लाइनों में होगा और कच्चा माल पहुंचाने की जिम्मेदारी आरआई की होगी।
कोरोना वायरस के संक्रमण से बचने के लिए जरुरी मास्क कानपुर रेंज में लगभग खत्म हो चुके हैं। ऐसे में पुलिसकर्मियों को ड्यूटी के दौरान मॉस्क उपलब्ध नहीं हो पा रहे हैं। जिससे उन्हे इस दौरान संक्रमण होने का खतरा बना रहता है और इसी को देखते हुए पुलिस महानिरीक्षक मोहित अग्रवाल गुरुवार को गंभीर दिखे। आईजी ने रेंज के सभी कप्तानों को निर्देशित कर दिया कि जनपद में जितने भी फालोअर, दर्जी हों सभी को मॉस्क बनाने के काम में लगाया जाये। इसके साथ ही महिला सिपाही जो सिलाई का काम जानती हो उन्हे भी जिम्मेदारी सौंपी जायें। इसकी सूची बनाकर तत्काल अवगत कराया जाये। इसके साथ ही प्रतिदिन यह भी जानकारी दी जाये कि किस पुलिस लाइन से कितने मॉस्क तैयार हुये। आईजी ने बताया कि मॉस्क बनाने के लिए कच्चा माल टीम को हर जनपद के प्रतिसार निरीक्षक (आरआई) उपलब्ध कराएंगे। आईजी का मानना है कि एक पुलिस लाइन के सेंटर से प्रतिदिन करीब पांच सौ मॉस्क तैयार किये जा सकते हैं। बताया कि यह काम रोजाना होगा और रेंज के सिपाहियों को मॉस्क मिलने के बाद आम जनता को भी निःशुल्क उपलब्ध कराया जाएगा।